धन वर्षा भारत बाजार
हे भारत के देश वासियों, आ गया अब दीप त्योहार । इसबार त्याग करो निज मन से, चाईनावाला तू बाजार । शुभ दीवाली भारत होता, लाभ चाईना में अपार । तो ये कैसा त्योहार मनायें, खुशी रहे चीनी बाजार । इस बार अलग मने दीवाली, अंधियारा में चीन बाजार । दीप दीप्त हो रोशन जगमग, धन वर्षा भारत बाजार - गोपाल पाठक भदसेरी